Description
यह पुस्तक मशहूर क्रिकेट कमेंटेटर सुशील दोषी का आत्मकथात्मक संस्मरण है जिसमें उन्होंने अपने पांच दशकों की क्रिकेट कमेंटरी के अनुभवों को दर्ज किया है। इस पुस्तक में देश-विदेश में हुए उन मैचों के विवरण हैं जहाँ उन्होंने इन दशकों में पाँच सौ से अधिक मैचों में कमेंटरी दी थी। यह किताब क्रिकेट के प्रेमियों के लिए एक नायाब पुस्तक है जिसमें खेले की बारिकियाँ, उसका क्रमिक विकास, खिलाड़ियों का विश्लेषण और कई ऐसी कहानियाँ शामिल हैं जो आमतौर पर लोगों से अछूती रहती हैं। यह किताब सन् पचास के दशक से लेकर वर्तमान काल तक की क्रिकेट की कहानियों पर प्रकाश डालती है।



![Shakti Ke 48 Niyam [Hindi translation of '48 Laws of Power'] By Robert Greene (Hindi) (9788184081039)](https://universalbooksellers.com/wp-content/uploads/2019/01/9788184081039.jpeg)


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