Description
अंतोन चेखव (1860-1904) की गणना न केवल रूसी साहित्य में अपितु विश्व साहित्य के शीर्ष कथाकारों में होती है। अपने छोटे से जीवन में उन्होंने रूसी भाषा में चार नाटक व अगणित कालजयी कहानियाँ लिखीं। उनकी कहानियाँ व नाटक साहित्य संपूर्ण विश्व के समालोचकों व समीक्षकों की दृष्टि में अप्रतिम हैं। वे पेशे से चिकित्सक थे। प्रारंभ में उन्होंने पढ़ाई का खर्चा निकालने के लिए लिखना शुरू किया। बाद में वे पूर्ण रूप से साहित्य को समर्पित हो गए। उनका कहना था कि चिकित्सा उनकी धर्मपत्नी है तो साहित्य उनकी प्रेमिका। उनके साहित्य में तत्कालीन सामाजिक व्यवस्था एवं आमजन की पीड़ा का सजीव चित्रण पाठकों को अभिभूत कर देता है। हिंदी साहित्यप्रेमी अंतोन चेखव के विपुल साहित्य का रसास्वादन करने के लिए सदैव लालायित रहते हैं। उनके साहित्य का हिंदी भाषा में आनंद लेने का एकमात्र विकल्प अनुवाद है। अनुवादक उनके साहित्य को हिंदी पाठकों तक पहुँचाने का यथासंभव प्रयास कर रहे हैं। अंतोन चेखव के समग्र साहित्य को भाषांतरित कर पाना दुष्कर कार्य है। चुनिंदा कहानियों का हिंदी अनुवाद करने का विनम्र प्रयास किया है। चेखव के विशद साहित्य में से कुछ कहानियों का चयन करना सरल नहीं। उनकी प्रत्येक कहानी विशिष्ट है। अतः स्वरुचि के आधार पर कहानियाँ चयनित की हैं। आशान्वित हूँ कि सुधी पाठकों को ये कहानियाँ पसंद आएँगी।-प्रमीला गुप्ता



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